दिल लगाने से पहले!!

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ग़मे ज़िंदगी आज़माने से पहले!
बहुत रोेये हम मुस्कुराने से पहले!!
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चरागे मुहब्बत जलाने से पहले!
ज़रा सोच लो दिल लगाने से पहले!!
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खुदा ने किया है इशारा सुहाना!
नसीमे सहर को चलाने से पहले!!
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निगाहों निगाहों में इज़हार करना!
जुबाँ रोकना कुछ बताने से पहले!!
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हमेशा सजाओ तसव्वुर निराला!
ग़ज़ल दिलनशीं गुनगुनाने से पहले!!
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दिख़ावा भुलाओ हमेशा मुसाफ़िर!
ख़ुशी का ख़ज़ाना लुटाने से पहले!!
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धर्मेन्द्र अरोड़ा”मुसाफ़िर”
(9034376051)

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