स्वच्छ भारत

0
34

        स्वच्छ भारत 
यह केवल एक अभियान ही नहीं अपितु एक संकल्प ,एक सपना है कि,हमारा भारत पूरी तरह वर्ष २०१९ तक स्वच्छ हो जाएगा| स्वच्छता अभियान की सपना तो महात्मा गाँधी ने देखा था ,और उनकी मृत्यु के पश्चात् सरकार ने प्रयास किये था परंतु वो पूरी तरह कारगर साबित न हो सके| हमारे नवीन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने बहुत ही बृहद रूप में इस सपने को साकार करने के बेहतरीन ,सार्थक प्रयास किये हैं| वर्ष २०१४ में गाँधी जयंती के दिन पूरे भारत के सभी सरकारी ,गैर सरकारी संस्थानों के साथ मिलकर स्वयं स्वच्छ भारत अभियान रूपी कार्यक्रम में भाग लेकर सड़कों पर ,कार्यालयों में ,आदि जगहों पर सफाई कार्यक्रम के तहत झाड़ू लगवाई एवं स्वयं लगाई गई|
समग्र स्वच्छता अभियान के तहत  विभिन्न प्रकार की योजनाओं का क्रियान्वयन कर संचालन के लिये सभी सरकारी ,गैर सरकारी संस्थानों को निर्देषित किया गया|

सूचना संप्रेषण,जागरूकता,बैनर,मीडिया,प्रचार -प्रसार,मन की बात कार्यक्रम, रैली भाषणों आदि के माध्यम् से लोगों तक इस अभियान को पहुँचाना,लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करते हुए समग्र भारत के घर-घर ,गली-गली सड़क,चौराहों,आदि को पूरी तरह कचरे,मल,एवं अपशिष्ट पदार्थ से मुक्त कर स्वच्छ करना|
लोगों को प्रोत्साहन के रूप में राशि देकर स्वच्छता अभियान के प्रति आकर्षित करना,मुफ्त शौंचालय बनवाकर प्रदान करना, सड़क, चौराहों पर कचरा पेटी रखवाना,नगर-निगम,नगपालिका,पंचायतों को स्वच्छता अभियान ते कड़े निर्देष जारी कर एक अनूठी पहल करना|
इस अभियान के तहत् अब स्वच्छता की ओर हमारे भारतवासियों के कदम बढ़ चुके हैं,जल्द ही हमारा भारत पूरी तरह स्वच्छ होगा|
स्वच्छता केवल जमीन की नहीं ,विचारों की भी आवश्यक है|जब तक हमारे विचार पूरी तरह स्वच्छ नहीं होंगे भारत स्वच्छ नहीं होगा| गंदगी सिर्फ मल पदार्थ, कचरा,कूरा करकट ही नहीं है बल्कि,गंदगी- वैचारिक,अपराधिक मनोवृत्तियाँ,लोभ-लालच,हिंसा,भ्रष्टाचार, शोषण ,एवं अराजकता फैलाने वाली गंदी राजनीति भी हमारे भारत को गंदा किए हुए है| हमें कचरे के साथ-साथ इस प्रकार की सभी बुराई रूपी गंदगियों को साफ करना होगा,तब जाकर हमारा भारत कहलाएगा स्वच्छ भारत|

 आशीष पान्डेय जिद्दी

          ९८२६२७८८३७_

Loading...
SHARE
Previous articleਨੀ ਕਵਿਤਾ ਗੱਲ ਸੁਣ !
Next articleकैली की कहानी (भाग 11,12एवं13)
अचिन्त साहित्य (बेहतर से बेहतरीन की ओर बढ़ते कदम) यह वेबसाईट हिन्दी साहित्य--गद्य एवं पद्य ,छंदबद्ध एवं छंदमुक्त ,सभी प्रकार की साहित्यिक रचनाओं का रसास्वादन करवाने के साथ-साथ,प्रत्येक वर्ग --(बाल ,युवा एवं वृद्ध ) के पाठकों के हिन्दी ज्ञान को समृद्ध करने एवं उनकी साहित्यिक जिज्ञासा का शमन करने हेतु प्रयासरत है। हिन्दी भाषा,साहित्य एवं संस्कृति के विपुल एवं अक्षुण्ण भंडार में अपना साहित्यिक योगदान डालने,समाज एवं साहित्य के प्रति अपने दायित्व का निर्वाह करने हेतु यह वेबसाईट प्रतिबद्ध है। साहित्य,समाज और शिक्षा पर केन्द्रित इस वेबसाईट का लक्ष्य निस्वार्थ हिन्दी साहित्य सेवा है। डॉ.पूर्णिमा राय, शिक्षिका एवं लेखिका, अमृतसर(पंजाब)

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here